टिहरी बांध (Tehri Dam): स्थान, नदी, ऊंचाई, जलाशय एवं महत्वपूर्ण तथ्य

टिहरी बांध भारत की सबसे महत्वपूर्ण जलविद्युत एवं बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं में से एक है। यह उत्तराखंड राज्य में भागीरथी नदी पर निर्मित है और भारत का सबसे ऊंचा बांध माना जाता है। जलविद्युत उत्पादन, पेयजल आपूर्ति, सिंचाई और बाढ़ नियंत्रण के क्षेत्र में टिहरी बांध की महत्वपूर्ण भूमिका है। SSC, UPSC, Railway, Banking,…

टिहरी बांध भारत की सबसे महत्वपूर्ण जलविद्युत एवं बहुउद्देशीय नदी घाटी परियोजनाओं में से एक है। यह उत्तराखंड राज्य में भागीरथी नदी पर निर्मित है और भारत का सबसे ऊंचा बांध माना जाता है। जलविद्युत उत्पादन, पेयजल आपूर्ति, सिंचाई और बाढ़ नियंत्रण के क्षेत्र में टिहरी बांध की महत्वपूर्ण भूमिका है।

SSC, UPSC, Railway, Banking, State PCS, NDA, CDS तथा अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में टिहरी बांध से संबंधित प्रश्न नियमित रूप से पूछे जाते हैं। इसलिए भारत के प्रमुख बांधों का अध्ययन करते समय टिहरी बांध का विशेष महत्व है।

टिहरी बांध का परिचय

टिहरी बांध उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले में स्थित है। यह भागीरथी नदी पर निर्मित एक विशाल रॉक एवं अर्थ-फिल (Rock and Earth-fill) बांध है।

विवरणजानकारी
नामटिहरी बांध
नदीभागीरथी नदी
राज्यउत्तराखंड
जिलाटिहरी गढ़वाल
ऊंचाईलगभग 260.5 मीटर
प्रकाररॉक एवं अर्थ-फिल बांध
जलाशयटिहरी झील

Tehri dam kaha hai?

टिहरी बांध उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले में भागीरथी नदी पर स्थित है। यह हिमालयी क्षेत्र में स्थित भारत की सबसे बड़ी जलविद्युत परियोजनाओं में से एक है।

परीक्षा तथ्य

  • राज्य – उत्तराखंड
  • जिला – टिहरी गढ़वाल
  • नदी – भागीरथी

टिहरी बांध का इतिहास

टिहरी परियोजना की योजना 1960 के दशक में तैयार की गई थी। कई वर्षों तक तकनीकी और पर्यावरणीय अध्ययन के बाद इसका निर्माण कार्य शुरू हुआ।

महत्वपूर्ण वर्ष

  • 1978 – परियोजना को स्वीकृति
  • 1990 के दशक – निर्माण कार्य में तेजी
  • 2006 – परियोजना का प्रमुख चरण पूरा

टिहरी बांध की ऊंचाई

टिहरी बांध भारत का सबसे ऊंचा बांध है।

विशेषताविवरण
ऊंचाई260.5 मीटर
लंबाईलगभग 575 मीटर
प्रकारRock and Earth-fill Dam

परीक्षा तथ्य

भारत का सबसे ऊंचा बांध – टिहरी बांध (260.5 मीटर)

टिहरी झील

टिहरी बांध द्वारा निर्मित जलाशय को टिहरी झील कहा जाता है।

यह भारत के सबसे बड़े कृत्रिम जलाशयों में से एक है और पर्यटन के लिए भी प्रसिद्ध है।

विशेषताएँ

  • उत्तराखंड में स्थित
  • जल भंडारण का प्रमुख स्रोत
  • पर्यटन एवं जल क्रीड़ा गतिविधियों का केंद्र

टिहरी बांध के उद्देश्य

1. जलविद्युत उत्पादन

टिहरी परियोजना उत्तर भारत की प्रमुख जलविद्युत परियोजनाओं में शामिल है।

2. सिंचाई

उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के लाखों हेक्टेयर कृषि क्षेत्र को सिंचाई सुविधा प्रदान करती है।

3. पेयजल आपूर्ति

दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई क्षेत्रों को पेयजल उपलब्ध कराती है।

4. बाढ़ नियंत्रण

गंगा नदी बेसिन में बाढ़ नियंत्रण में सहायता करती है।

टिहरी बांध की विद्युत उत्पादन क्षमता

टिहरी जलविद्युत परियोजना भारत की सबसे बड़ी जलविद्युत परियोजनाओं में से एक है।

प्रमुख तथ्य

  • स्थापित क्षमता – लगभग 1000 मेगावाट (प्रथम चरण)
  • पंप्ड स्टोरेज परियोजना भी विकसित की जा रही है।

टिहरी बांध से लाभान्वित राज्य

निम्नलिखित राज्य इस परियोजना से लाभान्वित होते हैं:

  • उत्तराखंड
  • उत्तर प्रदेश
  • दिल्ली

टिहरी बांध का आर्थिक महत्व

कृषि विकास

सिंचाई सुविधाओं में वृद्धि।

ऊर्जा उत्पादन

स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा का स्रोत।

पर्यटन

टिहरी झील के कारण पर्यटन को बढ़ावा मिला।

रोजगार

स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर उत्पन्न हुए।

टिहरी बांध से जुड़े विवाद

टिहरी बांध परियोजना के निर्माण के दौरान पर्यावरणीय और पुनर्वास संबंधी मुद्दों पर चर्चा हुई थी।

प्रमुख चिंताएँ

  • भूकंपीय क्षेत्र में निर्माण
  • विस्थापन एवं पुनर्वास
  • पर्यावरणीय प्रभाव

हालांकि परियोजना को राष्ट्रीय विकास की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना गया।

टिहरी बांध और गंगा नदी प्रणाली

भागीरथी नदी, अलकनंदा नदी के साथ मिलकर देवप्रयाग में गंगा नदी का निर्माण करती है।

इस कारण टिहरी बांध गंगा नदी प्रणाली का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है।

टिहरी बांध से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य

  • भारत का सबसे ऊंचा बांध।
  • भागीरथी नदी पर निर्मित।
  • उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले में स्थित।
  • टिहरी झील का निर्माण इसी परियोजना से हुआ।
  • जलविद्युत, सिंचाई एवं पेयजल के लिए महत्वपूर्ण।

परीक्षा हेतु महत्वपूर्ण तथ्य

  • बांध – टिहरी बांध
  • नदी – भागीरथी
  • राज्य – उत्तराखंड
  • ऊंचाई – 260.5 मीटर
  • झील – टिहरी झील
  • प्रकार – Rock and Earth-fill Dam

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FAQs

टिहरी बांध को भारत का सबसे ऊंचा बांध क्यों कहा जाता है?

क्योंकि इसकी ऊंचाई लगभग 260.5 मीटर है, जो भारत में सबसे अधिक है।

टिहरी झील किस बांध से बनी है?

टिहरी बांध द्वारा निर्मित जलाशय को टिहरी झील कहा जाता है।

टिहरी बांध से किन राज्यों को लाभ मिलता है?

मुख्य रूप से उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और दिल्ली को लाभ मिलता है।

टिहरी बांध का मुख्य उपयोग क्या है?

जलविद्युत उत्पादन, सिंचाई, पेयजल आपूर्ति और बाढ़ नियंत्रण।

टिहरी बांध किस नदी प्रणाली से संबंधित है?

यह गंगा नदी प्रणाली का हिस्सा है।

निष्कर्ष

टिहरी बांध भारत का सबसे ऊंचा बांध तथा देश की सबसे महत्वपूर्ण जलविद्युत परियोजनाओं में से एक है। भागीरथी नदी पर निर्मित यह बांध ऊर्जा उत्पादन, सिंचाई, पेयजल आपूर्ति और बाढ़ नियंत्रण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। प्रतियोगी परीक्षाओं की दृष्टि से टिहरी बांध, टिहरी झील, भागीरथी नदी और गंगा नदी प्रणाली से जुड़े तथ्य अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।

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